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Thursday, 2 January 2020

आदिवासी वही हो सकता है, जिसने आदिवासी कुल में जन्म लिया हो!

इतिहास में कोई एक उदाहरण मिल सकता है, जब कोई गैर आदिवासी, आदिवासी बन गया हो? नहीं, यह असंभव है, क्योंकि आदिवासी वही हो सकता है, जिसने आदिवासी कुल में जन्म लिया हो!
आदिवासी ताऊ-02.01.2020

आदिवासी कोई धर्म या पंथ नहीं, बल्कि एक नस्ल है

मित्रो कोई भी आदिवासी हिंदू, मुसलमान, सिक्ख, ईसाई, बुद्ध या जैन आदि तो बन सकता है, लेकिन फिर भी रहेगा वो आदिवासी ही, क्योंकि माता और पिता बदले नहीं जा सकते। आदिवासी कोई धर्म या पंथ नहीं, बल्कि एक नस्ल है, लेकिन कोई भी गैर आदिवासी कभी भी और कैसे भी आदिवासी नहीं बन सकता।-02.01.2020

Sunday, 29 December 2019

आदिकिसान विचारधारा के पुरोधा अवधेश मीणा की पैनी दृष्टि तथा तथ्यपरक लेखनी का मैं कायल हूँ।

मैं आदिवासी और किसान दोनों हूँ, मगर अभी तक आदिकिसान शब्द के प्रति मुझे आत्मीयता का अहसास नहीं होता। यह अलग बात है कि आदिकिसान विचारधारा के पुरोधा अवधेश मीणा की पैनी दृष्टि तथा तथ्यपरक लेखनी का मैं कायल हूँ। साधुवाद।-आ. ताऊ, 27.12.2019

आदिवासी युवा चिंतक रामकेश हातोज

भाषागत अशुद्धियों के बावजूद और औपचारिक रूप से अधिक शिक्षित न होते हुए आदिवासी युवा चिंतक रामकेश हातोज के कमेंट्स में जो धार देखने को मिलती है, वह काबिले तारीफ और अनेक लोगों के लिये बड़ी चुनौती है। साधुवाद। -आदिवासी ताऊ, 27.12.2019

Friday, 27 December 2019

आदिवासी भारत के नागरिक

मनमाने कानूनों का विरोध जरूरी है, लेकिन वर्तमान संविधान के अनुच्छेद 5 से 11 के तहत आदिवासी तो पहले से ही भारत के नागरिक हैं।-26.12.2019

Note: यह पोस्ट उन लोगों के लिए है जो आदिवासियों को गुमराह करते हैं कि आदिवासी भारत का नागरिक नहीं है।

आदिवासियत अंतिम सांसें गिन रही है।

हम प्रकृति पुत्र आदिवासी जब किसी के साथ अशिष्टता से पेश आते हैं तो मुझे लगता है जैसे आदिवासियत अंतिम सांसें गिन रही है। प्रकृति बहुत उदार है।-27.12.2019

वर्तमान परिदृश्य में आदिवासी मीणा समुदाय की दशा और दिशा

वर्तमान परिदृश्य में आदिवासी मीणा समुदाय की दशा और दिशा हम हर दिन कुछ न कुछ सीखते और बदलते रहते हैं। सबसे पहले ...